पंजाब पुलिस ने अपराधियों के खिलाफ ऑपरेशन प्रहार 2.0 की शुरुआत की, जो अगले 72 घंटे तक चलेगा। इस अभियान में पूरे प्रदेश में नाकेबंदी करते हुए 12 हजार पुलिसकर्मियों की 2 हजार टीमें तैनात की गई हैं, जिनका मुख्य फोकस नशा तस्करों और गैंगस्टरों पर है। डीजीपी गौरव यादव ने कहा कि अपराधियों के पास आत्मसमर्पण का विकल्प है, साथ ही अधिकारियों की जवाबदेही तय की जाएगी। इससे पहले, 20 जनवरी से शुरू हुए पहले चरण में 5,290 लोग गिरफ्तार किए गए, 2,973 की प्रिवेंटिव डिटेंशन हुई और 7,000 हथियार लाइसेंस रद्द किए जाने हैं। यह ऑपरेशन उस समय चलाया जा रहा है जब हाईकोर्ट और विरोधी दल राज्य की कानून-व्यवस्था पर सवाल उठा रहे हैं।





